RhymesLyrics
Aao Bachcho Tumhe Dikhaye

Aao Bachcho Tumhe Dikhaye Song | आओ बच्चों तुम्हें दिखाएं

बच्चे हर राष्ट्र का भविष्य होते हैं जिन पर राष्ट्र का विकास और सुरक्षा निर्भर होता है। उन्हें उनके बचपन से ही देश के प्रति प्रेम की भावना, कर्तव्य और दायित्व का बोध कराना बहुत जरूरी होता है।

बच्चों के बालमन में अगर अपने बचपन से ही देश भक्ति की भावना आ जाती है तो वह सारा जीवन अपने देश के प्रति प्यार और श्रद्धा के साथ बलिदान की भावना से ओतप्रोत रहते हैं।

हिंदी सिनेमा ने भी देशप्रेम के जज़्बे को बख़ूबी अभिव्यक्त किया है। आज भी देशभक्ति के कई ऐसे पुराने गीत हैं जो सदियों से बेहद लोकप्रिय हैं। ये कुछ ऐसे  बेशक़ीमती गीत हैं जो देश के हर नागरिक को राष्ट्र के प्रति अपने प्रेम और श्रद्धा का इज़हार करने के लिए शब्द प्रदान करते हैं।

देश की आज़ादी के 7 साल बाद सन 1954 में प्रस्तुत डायरेक्टर सत्यन बोस की फ़िल्म जागृति का गीत आओ बच्चों तुम्हें दिखाएं झांकी हिंदुस्तान की बच्चों को अपने राष्ट्र की अनुपम बलिदान गाथा से अवगत कराता है।

इस गीत को कवि प्रदीप ने लिखा और गाया है तथा इसे संगीत हेमंत कुमार ने दिया है। इस गीत में बड़े ही उत्कृष्ट तरीके से देश के हर कोने से जुड़ी देशभक्ति की घटनाओ और उनसे जुड़े देशभक्तों के बलिदानों को बच्चो के प्रति पेश किया गया है।

 

आओ बच्चों तुम्हें दिखाएं बालगीत के बोल

 

आओ बच्चों तुम्हें दिखाएं झांकी हिंदुस्तान की 
इस मिट्टी से तिलक करो ये धरती है बलिदान की 
वंदे मातरम, वंदे मातरम 

 

उत्तर में रखवाली करता पर्वतराज विराट है 
दक्षिण में चरणों को धोता सागर का सम्राट है 
जमुना जी के तट को देखो गंगा का ये घाट है 
बाट-बाट में हाट-हाट में यहाँ निराला ठाठ है 
देखो ये तस्वीरें अपने गौरव की अभिमान की 
इस मिट्टी से तिलक करो ये धरती हैं बलिदान की 
वंदे मातरम, वंदे मातरम 

ये हैं अपना राजपूताना नाज़ इसे तलवारों पे 
इसने सारा जीवन काटा बरछी तीर कटारों पे 
ये प्रताप का वतन पला है आज़ादी के नारों पे 
कूद पड़ी थी यहाँ हज़ारों पद्मिनियाँ अंगारों पे 
बोल रही है कण कण से क़ुर्बानी राजस्थान की 
इस मिट्टी से तिलक करो ये धरती है बलिदान की 
वंदे मातरम, वंदे मातरम 

देखो मुल्क मराठों का यह यहां शिवाजी डोला था 
मुग़लों की ताकत को जिसने तलवारों पे तोला था 
हर पर्वत पे आग जली थी हर पत्थर एक शोला था 
बोली हर-हर महादेव की बच्चा-बच्चा बोला था 
शेर शिवाजी ने रखी थी लाज हमारी शान की 
इस मिट्टी से तिलक करो ये धरती है बलिदान की 
वंदे मातरम, वंदे मातरम 

जलियाँवाला बाग ये देखो यहीं चली थी गोलियां 
ये मत पूछो किसने खेली यहाँ खून की होलियां 
एक तरफ़ बंदूकें दन दन एक तरफ़ थी टोलियां 
मरनेवाले बोल रहे थे इंक़लाब की बोलियां 
यहां लगा दी बहनों ने भी बाजी अपनी जान की 
इस मिट्टी से तिलक करो ये धरती है बलिदान की 
वंदे मातरम, वंदे मातरम 

ये देखो बंगाल यहां का हर चप्पा हरियाला है 
यहां का बच्चा-बच्चा अपने देश पे मरनेवाला है 
ढाला है इसको बिजली ने भूचालों ने पाला है 
मुट्ठी में तूफ़ान बंधा है और प्राण में ज्वाला है 
जन्मभूमि है यही हमारे वीर सुभाष महान की 
इस मिट्टी से तिलक करो ये धरती है बलिदान की 
वंदे मातरम, वंदे मातरम

 

 ‘Aao Bachcho Tumhe Dikhaye’ Lyrics in English

 

Aao bachcho tumhe dikhaye jhaanki
Hindustaan ki
Es mitti se tilak karo ye dharati hai balidaan ki
Vande Maataram, Vande Maataram

 

Uttar men rakhavaali karataa
parvataraaj viraat hai
Dakshin mein charanon ko dhotaa saagar kaa samraat hai
Jamunaa ji ke tat ko dekho ganga kaa ye ghaat hai
Baat-baat pe haat-haat mein yahaan niraalaa thaath hai
Dekho ye tasviren apane gaurav ki abhimaan ki,
Es mitti se tilak karo ye dharati hai balidaan ki
Vande Maataram, Vande Maataram


Ye hai apanaa raajapuutaanaa naaz ise talavaaron pe
Esane saaraa jeevan kaataa barachhi tir kataaron pe
Ye prataap kaa vatan palaa hai aazaadi ke naaron pe
Kuud padi thi yahaan hazaaron padminiyaan angaaron pe
Bol rahi hai kan kan se kurabaani raajasthaan ki

Dekho mulk maraathon kaa ye yahaan shivaaji Dolaa thaa
Mugalon ki taakat ko jisane talavaaron pe tolaa thaa
Har paavat pe aag lagi thi har patthar ek sholaa thaa
Boli har-har mahaadev ki bachchaa-bachchaa bolaa thaa
Yahaan shivaaji ne rakhi thi laaj hamaari shaan ki
Es mitti se tilak karo ye dharati hai balidaan ki
Vande Maataram, Vande Maataram


Jaliyaan vaalaa baag ye dekho yahaan chali thi goliyaan
Ye mat puuchho kisane kheli yahaan khoon ki holiyaan
Ek taraf banduuken dan dan ek taraf thi toliyaan
Maranevaale bol rahe the inaqalaab ki boliyaan
Yahan laga di bahanon ne bhi baaji apani jaan ki
Es mitti se tilak karo ye dharati hai balidaan ki
Vande Maataram, Vande Maataram


Ye dekho bangal yahaan kaa har chappaa hariyaala hai
Yahaan kaa bachchaa-bachchaa apane desh pe maranevaalaa hai
Dhaalaa hai isako bijali ne bhuuchaalon ne paalaa hai
Mutthi mein tuufaan bandhaa hai aur praan mein jvaalaa hai
Janmabhuumi hai yahi hamaare vir subhaash mahaan ki
Es mitti se tilak karo ye dharati hai balidaan ki
Vande Maataram, Vande Maataram

 

 

‘Aao Bachcho Tumhe Dikhaye’ English Translation

 

Come kids, Lets show you tableau of India

Tilak with this soil, this earth is a sacrifice

Vande Mataram, Vande Mataram

 

The big mountain king in the north guards

The Emperor of the Sea in the South washes the feet

Look at the bank of Jamuna ji, this is the ghat of the Ganges

Everything is unique here See these pictures of your pride

Tilak with this soil, this is the land of sacrifice

Vande Mataram, Vande Mataram

 

 This is your rajputana proud it on swords

It cut all its life on dagger arrows

This is Pratap’s native place on the slogan of independence

Thousands of Padminis jumped on the coals here

Speaking of Rajasthan udhiyah

Tilak with this soil, this earth is a sacrifice

Vande Mataram, Vande Mataram

 

See, this country of Marathas was Shivaji

Who weighed the power of the Mughals on swords

Every mountain was on fire, every stone was an ember

Har Har Mahadev’s quote was spoken child-to-child

Tiger Shivaji had kept our pride

Tilak with this soil, this earth is a sacrifice

Vande Mataram, Vande Mataram

 

Jallianwala Bagh, look here, bullets were here

Do not ask who played blood vessels here

On one side there were groups on one side

Those who died were speaking the bids of Inquilab

Here sisters also lost their lives

Tilak with this soil, this earth is a sacrifice

Vande Mataram, Vande Mataram

 

Look, Bengal is every greenery here

The child here is going to die in his country

It has been molded by electricity

There is a storm in the fist and there is a flame in the soul

This is the birthplace of our hero Subhash Mahan

Tilak with this soil, this earth is a sacrifice

Vande Mataram, Vande Mataram